भाषा चुनें:

अध्याय 2 — सांख्य योग

श्लोक 61
🕉 मूल संस्कृत श्लोक

तानि सर्वाणि संयम्य युक्त आसीत मत्परः ।

वशे हि यस्येन्द्रियाणि तस्य प्रज्ञा प्रतिष्ठिता ॥61॥

🕉 हिन्दी अनुवाद

📜 अनुवाद हिन्दी

💬 व्याख्या हिन्दी

Gita Prerna Logo
Go Back Top